Sonarika Bhadoria का दर्दनाक खुलासा: 10 साल की उम्र में हुआ था बुरा अनुभव, सालों बाद मां को बताई बात

टीवी शो Devon Ke Dev…Mahadev में माता पार्वती का किरदार निभाकर लोकप्रिय हुईं Sonarika Bhadoria ने अपने बचपन से जुड़ा एक दर्दनाक अनुभव साझा किया है। Actress ने बताया कि जब वह करीब 10–11 साल की थीं, तब एक Restaurant में उनके साथ अनुचित व्यवहार हुआ था। उस समय वह समझ नहीं पाई थीं कि उनके साथ क्या हुआ, लेकिन इस घटना का जिक्र करते हुए वह भावुक हो गईं।

Sonarika Bhadoria about her childhood experience
Sonarika Bhadoria about her childhood experience

Sonarika ने यह अनुभव Hauterrfly के साथ बातचीत के दौरान साझा किया। उनकी कहानी बचपन में असुरक्षित महसूस करने और किसी घटना को समझने में लगने वाले समय की ओर भी ध्यान खींचती है।

बचपन की घटना को समझने में लगा समय

Sonarika के मुताबिक, यह घटना तब हुई जब वह अपने माता-पिता और परिवार के साथ एक Restaurant गई थीं। वहां एक Manager ने कुछ कदमों के दौरान उनके साथ अनुचित शारीरिक व्यवहार किया।

Sonarika Bhadoria Actress
Sonarika Bhadoria

Actress ने बताया कि उस वक्त उन्हें समझ नहीं आया कि क्या हुआ है। घटना के बाद वह शांत हो गई थीं और तत्काल अपनी प्रतिक्रिया भी व्यक्त नहीं कर पाई थीं।

उन्होंने बातचीत में बताया कि उस उम्र में उनके पास इस अनुभव को समझने के लिए जरूरी समझ नहीं थी। बाद में जब वह बड़ी हुईं और घटना का मतलब समझ आया, तब उन्होंने इसके बारे में अपनी मां को बताया।

मां को बताई बात, पिता को अब तक नहीं बताया

Sonarika ने बताया कि उन्होंने अपनी मां से इस घटना के बारे में तब बात की, जब वह किशोरावस्था में थीं। उनकी मां ने उनसे पूछा था कि उन्होंने उसी समय इस बारे में क्यों नहीं बताया।

Sonarika Bhadoria
Sonarika Bhadoria

Actress ने स्पष्ट किया कि उस वक्त उन्हें खुद समझ नहीं आया था कि उनके साथ क्या हुआ। इसलिए तत्काल इस बारे में किसी को बताना उनके लिए संभव नहीं हो पाया।

उन्होंने यह भी बताया कि इस घटना के बारे में उन्होंने अपने पिता को अब तक नहीं बताया है। बातचीत के दौरान अपने अनुभव को याद करते हुए Sonarika भावुक हो गईं।

‘महादेव’ की पार्वती के रूप में मिली पहचान

Sonarika Bhadoria को टीवी शो Devon Ke Dev…Mahadev में माता पार्वती की भूमिका से व्यापक पहचान मिली। उनके अभिनय ने उन्हें घर-घर में लोकप्रिय बनाया।

Sonarika Bhadoria
Sonarika Bhadoria

इसके अलावा वह Prithvi Vallabh, Ishq Mein Marjawan और Dastaan-E-Mohabbat: Salim Anarkali जैसे टेलीविजन शोज में भी नजर आ चुकी हैं। उन्होंने Telugu फिल्मों में भी काम किया है।

जहां दर्शक उन्हें पर्दे पर उनके किरदारों के लिए जानते हैं, वहीं इस बातचीत में उन्होंने अपनी जिंदगी के एक ऐसे अनुभव के बारे में बताया, जिसे साझा करना उनके लिए भावनात्मक था।

बच्चों की सुरक्षा और उनकी बात सुनना क्यों जरूरी है?

Sonarika का अनुभव इस बात की याद दिलाता है कि छोटे बच्चों को हमेशा यह समझ नहीं आता कि उनके साथ हुआ व्यवहार अनुचित था या नहीं। कई बार वे किसी घटना को समझने या उसके बारे में बोलने में समय लेते हैं।

Sonarika Bhadoria
Sonarika Bhadoria

ऐसी परिस्थितियों में बच्चों की बात को गंभीरता से सुनना, उन्हें सुरक्षित महसूस कराना और बिना दोष दिए उनका समर्थन करना बेहद जरूरी है।

बच्चे अगर किसी अनुभव के बारे में तुरंत नहीं बता पाते, तो इसका मतलब यह नहीं कि उनका अनुभव महत्वहीन है। उन्हें अपनी बात कहने के लिए भरोसेमंद और सुरक्षित माहौल मिलना चाहिए।

Sonarika ने अपनी बातचीत में बचपन की इस घटना को याद किया और बताया कि उसे समझने में उन्हें समय लगा। उनका यह खुलासा उनके जीवन के एक निजी और संवेदनशील पहलू को सामने लाता है।

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